Close Menu
Khabar Chhattisgarh NewsKhabar Chhattisgarh News
    What's Hot

    महासमुंद में 150 वाहन चालकों का हुआ स्वास्थ्य व नेत्र परीक्षण, नेत्रदाता परिवार का किया गया सम्मान

    July 27, 2026

    अटल विहार कॉलोनी में इन्होंने किया वृक्षारोपण-पेड़ो को बांधा रक्षा सूत्र..

    July 27, 2026

    भाजयुमो चम्पारण तामासिवनी मंडल की नई टीम घोषित-ये बने महामंत्री

    July 27, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Khabar Chhattisgarh NewsKhabar Chhattisgarh News
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Tuesday, July 28
    • बड़ी खबर
    • देश-विदेश
    • छत्तीसगढ़
    • महासमुंद
    • मोर किस्सा कहानी
    • राजनीति
    • आप की खबर
    • क्राइम
    • छग जनसंपर्क विभाग
    • अन्य
      • बॉलीवुड
      • क्रिकेट
      • स्वास्थ्य
      • जॉब-एजुकेशन
      • लाइफस्टाइल
      • योजनाएं
    Khabar Chhattisgarh NewsKhabar Chhattisgarh News
    Home»देश-विदेश»नहीं होंगे रामलला के दर्शन: मंदिर ट्रस्ट ने दी सूचना, 7 सितंबर को बंद रहेंगे कपाट, ये है वजह
    देश-विदेश

    नहीं होंगे रामलला के दर्शन: मंदिर ट्रस्ट ने दी सूचना, 7 सितंबर को बंद रहेंगे कपाट, ये है वजह

    Khabar Chhattisgarh NewsBy Khabar Chhattisgarh NewsSeptember 4, 2025
    Share Facebook Twitter WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter WhatsApp Copy Link
    Chandra grahan 2025. देशभर में 7 सितंबर की रात खगोलीय और धार्मिक दृष्टि से अत्यंत खास होगी. इस दिन साल का सबसे लंबा और अंतिम पूर्ण चंद्रग्रहण लगने जा रहा है. जो पूरे भारत में स्पष्ट रूप से दिखाई देगा. ग्रहण का समय रात 8:58 बजे से शुरू होकर 1:26 बजे तक रहेगा. वहीं इससे 9 घंटे पहले सूतक लग जाएगा. जो कि दोपहर 12:57 बजे से शुरु हो जाएगा. सूतक और ग्रहणकाल के दौरान मंदिरों के कपाट बंद रहेंगे. इस दौरान पूजन, मूर्ति स्पर्श आदि वर्जित रहेगा. इसी कड़ी में श्रीराम मंदिर में भी कपाट बंद रहेंगे.

    श्रीराम जन्मभूमि ट्रस्ट की ओर से एक पोस्ट साझा किया गया है. जिसमें लिखा है कि ‘भारतीय पंचांग के अनुसार, चंद्रग्रहण का सूतक काल दोपहर 12:57 बजे से शुरू होकर ग्रहण समाप्ति तक लागू रहेगा. इस दौरान मंदिरों के कपाट बंद कर दिए जाएंगे और मूर्तियों को स्पर्श करना वर्जित होगा. पूजन, भोजन और शुभ कार्यों पर पूर्णत: रोक रहेगी.’

    ग्रहण काल में भक्तों को मानसिक रूप से जप, ध्यान और स्तुति करनी चाहिए. ग्रहण समाप्त होने के बाद स्नान करना और शुद्ध भोजन-पेय ग्रहण करना आवश्यक माना जाता है. बता दें कि इसी दिन पितृपक्ष की भी शुरुआत हो रही है, जिससे ग्रहण का महत्व और बढ़ जाता है. मान्यता है कि इस समय किया गया तर्पण, पितरों को शीघ्र तृप्त करता है और परिवार को समृद्धि का आशीर्वाद मिलता है.

    Share. Facebook Twitter WhatsApp Copy Link
    Khabar Chhattisgarh News

    Related Posts

    शराबियों ने न्यू ईयर पर तोड़े रिकॉर्ड, यहां पर एक ही रात में गटक गए 16 करोड़ की शराब, जानिए बाकी जगहों का हाल

    January 2, 2026

    Purnima 2026: 3 जनवरी को आसमान में दिखेगा अद्भुत नाजारा, सूर्य के सबसे करीब पहुंचेगी धरती; इस समय पर देख सकेंगे ये चमत्कार!

    January 2, 2026

    Ayushman Card:  आयुष्मान भारत कार्ड में बड़ा बदलाव: अब नए सदस्य जोड़ने का विकल्प बंद

    January 2, 2026
    ज़रूर पढ़ें

    महासमुंद में 150 वाहन चालकों का हुआ स्वास्थ्य व नेत्र परीक्षण, नेत्रदाता परिवार का किया गया सम्मान

    Rekhraaz SahuJuly 27, 202623 Views

    महासमुंद में 150 वाहन चालकों का हुआ स्वास्थ्य व नेत्र परीक्षण, नेत्रदाता परिवार का किया…

    • Facebook
    • Twitter
    • Instagram
    • YouTube
    Facebook X (Twitter) YouTube WhatsApp
    प्रधान संपादक एवं स्वामी : रेखराम साहू

    मोबाइल न. : 8236012223
    ईमेल : rekhraazmsmd@gmail.com
    वेबसाइट : www.khabarchhattisgarhnews.com

    कार्यालय : बीटीआई रोड पुराना मलेरिया ऑफिस के पास वार्ड नंबर 29, जिला महासमुंद पिन: 493445
    © 2026 ख़बर छत्तीसगढ़ न्यूज़. Designed by Nimble Technology.
    • Home
    • Privacy Policy
    • About Us
    • Contact Us
    • Disclaimer
    • Terms & Conditions

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.