Close Menu
Khabar Chhattisgarh NewsKhabar Chhattisgarh News
    What's Hot

    संत शिरोमणि श्री सेन जी महाराज की जयंती महोत्सव-इन्होंने दीप प्रज्वलित कर किया कार्यक्रम का शुभारंभ…

    May 13, 2026

    वर्मीकल्चर एवं वर्मीकंपोस्टिंग विषय अंतर्गत मॉडल प्रदर्शनी का आयोजन-मनियारा वर्मी कम्पोस्ट” उत्पाद का किया गया शुभारंभ…

    May 13, 2026

    आज यहाँ होगा किसानों की महापंचायत-खाद संकट को लेकर किसानों में आक्रोश

    May 13, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Khabar Chhattisgarh NewsKhabar Chhattisgarh News
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Wednesday, May 13
    • बड़ी खबर
    • देश-विदेश
    • छत्तीसगढ़
    • महासमुंद
    • मोर किस्सा कहानी
    • राजनीति
    • आप की खबर
    • क्राइम
    • छग जनसंपर्क विभाग
    • अन्य
      • बॉलीवुड
      • क्रिकेट
      • स्वास्थ्य
      • जॉब-एजुकेशन
      • लाइफस्टाइल
      • योजनाएं
    Khabar Chhattisgarh NewsKhabar Chhattisgarh News
    Home»Blog»बड़ी खबर-आरंग में यहाँ मिली 100 वर्ष पुरानी हस्तलिखित पांडुलिपियां
    Blog

    बड़ी खबर-आरंग में यहाँ मिली 100 वर्ष पुरानी हस्तलिखित पांडुलिपियां

    Vinod GuptaBy Vinod GuptaMay 12, 2026
    Share Facebook Twitter WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter WhatsApp Copy Link

    बड़ी खबर-आरंग में यहाँ मिली 100 वर्ष पुरानी हस्तलिखित पांडुलिपियां

    आरंग।भारतीय संस्कृति की प्राचीन विरासत को सहेजने के उद्देश्य से भारत सरकार के संस्कृति विभाग द्वारा संचालित ज्ञान भारतम मिशन के तहत आरंग में एक महत्वपूर्ण सफलता हाथ लगी है। जिला कलेक्टर डॉ. गौरव कुमार सिंह के मार्गदर्शन में चल रहे पांडुलिपि सर्वेक्षण के दौरान अग्रवाल पारा निवासी व्यवसायी दीपक साहेब और उनकी धर्मपत्नी शिक्षिका शीला गुरु गोस्वामी के घर से लगभग 100 साल पुरानी दुर्लभ हस्तलिखित पांडुलिपियां प्राप्त हुई हैं।विकासखंड शिक्षा अधिकारी आरंग दिनेश शर्मा को जानकारी देते हुए गुरु गोस्वामी परिवार ने बताया कि ये अनमोल पांडुलिपियां उनके परदादा स्व. भैया साहेब एवं स्व. भाऊ साहेब द्वारा स्वयं लिखी गई थीं।उस दौर में उनके पूर्वज सात्विक ज्ञान यज्ञ, सत्संग, चौका और आरती जैसे आध्यात्मिक कार्यों में लीन रहते थे।आज के आधुनिक युग में भी इन पांडुलिपियों में समाहित ज्ञान भारतीय संस्कृति और परंपराओं का गौरव गान कर रहा है।उनका प्रमुख धर्म क्षेत्र छत्तीसगढ़ का प्रसिद्ध तीर्थ दामाखेड़ा है। यह पांडुलिपियां न केवल पारिवारिक धरोहर हैं, बल्कि कबीर पंथ और छत्तीसगढ़ के आध्यात्मिक इतिहास के लिए भी शोध का विषय हो सकती हैं।आरंग विकासखंड में दुर्लभ पांडुलिपियों को खोजने और उनके संरक्षण का कार्य तेजी से चल रहा है। इस उपलब्धि के दौरान विकासखंड स्त्रोत समन्वयक सुरेंद्र सिंह चंद्रसेन और नवाचारी शिक्षक गण महेंद्र कुमार पटेल एवं अरविंद कुमार वैष्णव सक्रिय रूप से शामिल रहे।प्रशासन का लक्ष्य इन दुर्लभ दस्तावेजों को डिजिटल स्वरूप में सुरक्षित करना है ताकि आने वाली पीढ़ियां अपनी जड़ों से जुड़ी रहें ।
    विनोद गुप्ता-आरंग

    Share. Facebook Twitter WhatsApp Copy Link
    Vinod Gupta

    Related Posts

    संत शिरोमणि श्री सेन जी महाराज की जयंती महोत्सव-इन्होंने दीप प्रज्वलित कर किया कार्यक्रम का शुभारंभ…

    May 13, 2026

    वर्मीकल्चर एवं वर्मीकंपोस्टिंग विषय अंतर्गत मॉडल प्रदर्शनी का आयोजन-मनियारा वर्मी कम्पोस्ट” उत्पाद का किया गया शुभारंभ…

    May 13, 2026

    आज यहाँ होगा किसानों की महापंचायत-खाद संकट को लेकर किसानों में आक्रोश

    May 13, 2026
    ज़रूर पढ़ें

    संत शिरोमणि श्री सेन जी महाराज की जयंती महोत्सव-इन्होंने दीप प्रज्वलित कर किया कार्यक्रम का शुभारंभ…

    Vinod GuptaMay 13, 2026

    संत शिरोमणि श्री सेन जी महाराज की जयंती महोत्सव-इन्होंने दीप प्रज्वलित कर किया कार्यक्रम का…

    • Facebook
    • Twitter
    • Instagram
    • YouTube
    Facebook X (Twitter) YouTube WhatsApp
    प्रधान संपादक एवं स्वामी : रेखराम साहू

    मोबाइल न. : 8236012223
    ईमेल : rekhraazmsmd@gmail.com
    वेबसाइट : www.khabarchhattisgarhnews.com

    कार्यालय : बीटीआई रोड पुराना मलेरिया ऑफिस के पास वार्ड नंबर 29, जिला महासमुंद पिन: 493445
    © 2026 ख़बर छत्तीसगढ़ न्यूज़. Designed by Nimble Technology.
    • Home
    • Privacy Policy
    • About Us
    • Contact Us
    • Disclaimer
    • Terms & Conditions

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.