आरंग के लोक कला मंच ‘दूज के चंदा’ का राष्ट्रीय दूरदर्शन पर चयन-इस तारीख को होगा प्रसारण
आरंग। छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोक कला, संस्कृति और लोक गीतों को राष्ट्रीय स्तर पर एक बड़ी पहचान मिलने जा रही है। क्षेत्र के प्रतिष्ठित सांस्कृतिक लोक कला मंच ‘दूज के चंदा’ (ग्राम-बैहार, आरंग) का चयन प्रसार भारती के अंतर्गत आकाशवाणी दूरदर्शन के नेशनल चैनल पर कार्यक्रम प्रस्तुति के लिए हुआ है। इस राष्ट्रीय मंच पर ‘दूज के चंदा’ की टीम छत्तीसगढ़ी लोक संस्कृति पर आधारित पारंपरिक गीतों और दर्शकों को गुदगुदाने वाले हास्य प्रहसन (कॉमेडी एक्ट) की प्रस्तुति देगी। इस विशेष कार्यक्रम का प्रसारण आगामी 7 जून 2026, दिन रविवार को किया जाएगा।प्रसार भारती और दूरदर्शन की केंद्रीय टीम के मार्गदर्शन व दिशा-निर्देशन में इस कार्यक्रम की शूटिंग का कार्य सफलतापूर्वक संपन्न हो चुका है। संस्था के संचालक जोगेन्दर सिंह ठाकुर और संगीत निर्देशक खोमन लाल साहू ने इसे पूरे अंचल के लिए एक गौरवपूर्ण क्षण बताया है। कार्यक्रम के मुख्य मार्गदर्शक व प्रेरणास्रोत आचार्य गजेन्द्र तिवारी हैं।इस राष्ट्रीय प्रस्तुति में संगीतकार एवं मुख्य गायक खोमन लाल साहू के गाए गीतों को श्याम लाल साहू, डॉ. दाऊ लाल साहू और हेमन्त साहू ने अपनी जीवंत लिप्सिंग (अभिनय) से सजाया है। मंच पर उद्घोषक (एंकर) के रूप में कुकराडीह वाले दाऊ जीवन लाल साहू ने कमान संभाली।
वाद्ययंत्रों की कमान संभालते हुए नाल व ढोलक पर याददास मानिकपुरी, हारमोनियम पर श्यामलाल साहू, तबला पर रामबिशाल पैकरा और डफ़ली पर मेघराज धीवर ने सुरीली संगत दी है। गायन पक्ष को मजबूत बनाने में गायिका सविता कश्यप, भानु निर्मलकर, यामिनी साहू, जया धीवर एवं साथियों का विशेष योगदान रहा। वहीं कार्यक्रम के भावपक्ष (अभिनय व प्रस्तुति) की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी पुरुषोत्तम साहू, ममता पारकर निर्जला, सोना, पुरुषोत्तम यादव एवं साथियों ने बखूबी निभाई है।
विनोद गुप्ता-आरंग



