छत्तीसगढ़ का प्रथम पर्व ‘हरेली’ हर्षोल्लास एवं पारंपरिक अंदाज में मनाया गया-गेड़ी दौड़ और व्यंजन बने आकर्षण का केंद्र
आरंग।स्थानीय राधा कृष्ण विद्या मंदिर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, आरंग में छत्तीसगढ़ का प्रथम एवं प्रमुख पारंपरिक पर्व ‘हरेली तिहार’ बड़े ही हर्षोल्लास, उत्साह और पारंपरिक अंदाज के साथ मनाया गया। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोक-संस्कृति, परंपराओं एवं पारंपरिक खेलों से परिचित कराना तथा उनमें अपनी संस्कृति के प्रति गर्व की भावना जागृत करना था।कार्यक्रम का शुभारंभ पारंपरिक रीति-रिवाज के अनुसार गेड़ी की पूजा-अर्चना के साथ हुआ। पूजा के पश्चात विद्यालय परिसर में विभिन्न छत्तीसगढ़ी खेलकूद प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। विद्यार्थियों ने पारंपरिक खेलों के साथ-साथ घर से छत्तीसगढ़ी व्यंजन बनाकर लाकर कार्यक्रम का आनंद बढ़ाया, जिससे पूरा विद्यालय परिसर छत्तीसगढ़ी संस्कृति के रंग में रंगा नज़र आया।विद्यार्थियों ने पारंपरिक खेलों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और अपना उत्कृष्ट प्रदर्शन दिया:
फुगड़ी प्रतियोगिता
कक्षा 1 से 3:
🥇 प्रथम स्थान: रूही यादव
🥈 द्वितीय स्थान: भुवनेश्वरी लोधी
कक्षा 4 से 6:
🥇 प्रथम स्थान: खुशबू पाल
🥈 द्वितीय स्थान: पूजा देवांगन
गेड़ी प्रतियोगिता
कक्षा 1 से 5:
🥇 प्रथम स्थान: आशीष लोधी (कक्षा 5वीं)
🥈 द्वितीय स्थान: केशव केवट
कक्षा 6 से 9:
🥇 प्रथम स्थान: धनराज लोधी
🥈 द्वितीय स्थान: हेमंत लोधी
आयोजन के अंत में विद्यालय परिवार एवं प्रबंध समिति द्वारा सभी विजेता एवं सहभागी विद्यार्थियों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई।
विद्यालय प्रबंधन ने कहा कि इस प्रकार के आयोजनों से विद्यार्थियों में खेल भावना, आत्मविश्वास और सहभागिता का विकास होता है, साथ ही अपनी माटी, संस्कृति और परंपराओं के प्रति जुड़ाव और मजबूत होता है।
विनोद गुप्ता-आरंग



