एकता सतनामी महिला समिति ने मनाई राष्ट्रमाता सावित्री बाई फुले की जयंती-श्रद्धापूर्वक किया नमन

आरंग। एकता सतनामी महिला समिति आंरग के तत्वाधान में भारत की प्रथम महिला शिक्षक व राष्ट्रमाता सावित्री बाई फुले की जयंती गिनीमाता स्मृति भवन अकोली रोड आरंग में मनाया गया। कार्यकम का शुभारंभ माताजी के चित्र पर माल्यार्पण कर व पुष्पाजंलि अर्पित कर दीप प्रज्जवलित कर श्रद्धापूर्वक नमन किया गया ।एकता समति की संरक्षक श्रीमती संगीता पाटले ने प्रेस विज्ञप्ति में बताया कि कार्यकम मे उपस्थित बुद्धजीवी श्री डी.पी. बंजारे सर ने अपने उद्बोधन मे माताजी के जन्म से लेकर अंतिम समय तक की जीवन गाथा का उल्लेख किया जिसमे बताया कि माताजी समाज भारत की पहली महिला शिक्षिका, समाज सुधारक और कवयित्री थी जिन्होने अपने पति ज्योतिराव फुले के साथ मिलकर महिलाओं और दलितों की शिक्षा व सामाजिक समानता के लिए अथक संघर्ष किया भारत का पहला बालिका विद्यालय खोला और विधवा, पुर्नविवाह व बाल विवाह विरोधी अभियानों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई जिससे वे महिला सशक्तिकरण की प्रतीक बनी।तथा धर्मेन्द्र टण्डन ने भी ने अपने उद्बोधन में कहा कि उनकी शिक्षा और समानता की विरासत आज भी प्रेरणा देती है उनके द्वारा दिखाए गए मार्गों पर चलने का संकल्प ले ।कार्यकम मे जी.आर. टण्डन व श्रीमती रजनी बाला भारती ने स्वरचित कविता के माध्यम से माताजी के सर्वसमाज के लिए किये गए कल्याणकारी कार्यों का वर्णन किया गया।इसी कम मे कार्यकम मे उपस्थित सभी वक्ताओं ने माताजी को याद करते हुए कहा कि मनुष्यता, समता, सम्मान का उन्होने हमें पाठ सिखलाया, शिक्षा से ही समाज बदलेगा उनके बताए हुए बातो को आत्मसात करते हुए उनके द्वारा दिखाए हुए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया।कार्यक्रम मे प्रमुख रूप से एन.पी. भारद्वाज, सत्यप्रकाश बघेल, अजीत भारती, श्रीमती सरिता पटेल, श्रीमती चित्रा देवांगन, तथा समिति की उपाध्यक्ष गोमती राजेत्री, कोषाध्यक्ष सुशीला गिलहरे, भारती टोण्डरे समाज के सुनीता सोनवानी, खेमेश्वरी डहरिया, नीमा चतुर्वेदी डॉ.बी.लता भारती, डॉ. घनश्याम टण्डन, जितेन्द्र कोसरिया, घनश्याम बंजारे, कमल नारायण घृतलहरे, पूनम चंद पाटले, डोमन लाल डहरिया, विष्णु कुमार ब्रम्हदेव, भीमसेन मनहरे, डिम्पी देवांगन की कार्यकम मे सहभागिता रही। कार्यक्रम का संचालन डोमन लाल डहरिया ने किया व श्रीमती संगीता पाटले ने अभार व्यक्त किया ।
विनोद गुप्ता-आरंग



